बुंदेलखंड निर्माण मोर्चा का 21 से अनशन एवं सत्याग्रह

झांसी। बुंदेलखंड को राज्य बनाओ को लेकर 21 अक्टूबर से गाँधी उद्यान में बाबू सिंह यादव के नेतृत्व में अनशन एवं सत्याग्रह प्रारम्भ किया जा रहा है। अनशन में मोर्चा अध्यक्ष भानू सहाय के साथ तीन और लोग बैठेंगे। मोर्चा अध्यक्ष भानू सहाय एवं बाबू सिंह यादव ने सयुक्त पत्रकार वार्ता में कहा कि अनशन एवं सत्याग्रह के दौरान यदि सरकार की और से वार्ता की जाती है तो अधिवक्ता रामकुमार खरे और अशोक सक्सेना के साथ पांच सदस्यो की समिति कार्य करेंगी। किसी भी प्रकार की कानूनी समस्या हुई तो रजनीश श्रीवास्तव एवं प्रदीप झा के साथ 20 अधिवक्ता कार्य करेंगे। प्रेस को सूचना देने के लोए रघुराज शर्मा एवं गिरजा शंकर राय कार्य करेंगे।सत्याग्रहियो के लिए भोजन व्यस्था एवं पंडाल की देखरेख वरुण अग्रवाल, उत्कर्ष साहू, अनिल कश्यप एवं गोलू ठाकुर सहित 10 सदस्य करेंगे। सोशल मीडिया का कार्य अमित त्रिपाठी करेंगे। बुंदेलखंड निर्माण मोर्चा के तत्वावधान में किये जा रहें अनशन एवं सत्याग्रह को कांग्रेस, आम आदमी पार्टी, लो.ज.पा, बुंदेलखंड क्रांति दल, बुंदेलखंड मुक्ति मोर्चा, बुंदेलखंड विकास दल, राष्ट्रीय जनताराज पार्टी, भारतीय प्रजाशक्ति पार्टी सहित अन्य राजनैतिक दल व 20 गैरराजनैतिक संस्थाए एक एक दिन सत्याग्रह पर बैठेंगे। बुंदेलखंड राज्य निर्माण के साथ अन्य मांगे निम्नवत है बुन्देलखण्ड के सभी मेडिकल कालेजों, सरकारी अस्पतालों एवं पी.एच.सी व सी. एच. सी में चिकित्सक, मेडिकल, पैरामेडिकल, नर्सिंग एवं अन्य स्टाफ के 60 प्रतिशत पद खाली हैं, इन पदों को समयबद्ध भरा जायें व उपकरणों को पूरा किया जाये। बुन्देलखण्ड विष्वविद्यालय को स्ववित पोशित की जगह सौ प्रतिशत सरकारी एडिड किया जाये, क्योंकि बुन्देलखण्ड अति पिछड़ा और गरीब क्षेत्र है एडिड करने से छात्र/छात्राओं की फीस में कमी आ सकेगी जिससे वे अपनी पढ़ाई को आसानी से कर सकेगें। साथ ही सभी शिक्षकों को संविदा की जगह नियमित किया जाये। प्राइमरी से लेकर महाविद्यालय तक सभी शिक्षकों एवं कर्मचारियों की खाली पड़ भरे जायें एवं विद्यालयों का जीर्णोद्धार समय बद्ध कराया जाये। बुन्देलखण्ड क्षेत्र में चल रहे अवैध नर्सिंगहोम्स में संलिप्त पूर्व सी.एम.ओ., पूर्व सचिव जे.डी.ए. व वर्तमान अधिषासी अभियंता जे.डी.ए. व जिला अग्निषमन अधिकारी की भ्रश्ट कार्य प्रददति की उच्च स्तरीय जाँच समय बद्ध कराई जाये। महारानी लक्ष्मीबाई मेडिकल काॅलेज को एम्स के रूप में उच्चीकृत किया जाए क्योंकि मेडिकल काॅलेज, झाँसी लगभग सभी वह अर्हताएं पूरी करता है जो एम्स के लिए आवष्यक हैं। मेडिकल कॉलेज से प्रस्ताव केंद्र एवं राज्य सरकार को भेजा जा चुका है। केन बेतवा नदी गठजोड़ योजना के विस्थापित लोगो को उचित मुआवजा दिया जाये तथा भ्रश्टाचार की समय बद्ध जाँच करवाई जाये के साथ कुछ स्थानीय मांगो को भी जोड़ा जायेगा। पत्रकारवार्ता में अशोक सक्सेना, एडवोकेट, हमीदा अंजुम, उत्कर्ष साहू, प्रदीप नाथ झा एडवोकेट, विकास पुरी, अनिल कश्यप आदि उपस्थित रहे।

रिपोर्ट – मुकेश वर्मा/राहुल कोष्टा

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