झांसी। डेढ़ माह पूर्व बरुआ सागर में दलित युवक पर जान लेवा हमला कर हाथ पैर तोड़ने की साजिश करने वाले आरोपी को न्यायालय विशेष न्यायाधीश अनुसूचित जाति अत्याचार निवारण अधिनियम झांसी नेत्रपाल सिंह की अदालत ने जमानत देने से इंकार कर उसका जमानत प्रार्थना पत्र निरस्त कर दिया है।अभियोजन की ओर से पैरवी कर रहे शासकीय अधिवक्ता केशवेंद्र प्रताप/कपिल ने जानकारी देते हुए बताया कि मलखान अहिरवार ने 11 अगस्त 2026 को बरुआ सागर थाना में रिपोर्ट दर्ज कराते हुए बताया कि वह मजदूरी करने जा रहा था तभी ध्यावरी के पास पहले से घात लगाए खड़े रामपाल यादव उर्फ खच्चू तथा उसके साथी राहुल यादव अपनी गाड़ी से आए और पुरानी रंजिश के चलते उसे गाली गलौज करने लगे जब उसने गाली देने से मना किया तो उस पर लाठी डंडा से जान लेवा हमला करते हुए मारपीट कर दी जिससे उसके शरीर में गंभीर चोट आ गई। पुलिस ने मुकदमा दर्ज कर कार्यवाही शुरू कर दी थी। इस प्रकरण में विवेचना के दौरान एक और अभियुक्त अंशु यादव प्रकाश में आया था पुलिस ने सभी को जेल भेज दिया था। आज आरोपी अंशु यादव की और से न्यायालय में जमानत प्रार्थना पत्र प्रस्तुत किया गया। जिसकी सुनवाई के बाद न्यायालय ने आरोपी को।जमानत देने से इंकार कर उसका जमानत प्रार्थना पत्र निरस्त कर दिया है।
रिपोर्ट – मुकेश वर्मा/राहुल कोष्टा
